यूपी सिपाही भर्ती परीक्षा: पेपर लीक का फर्जी दावा करने वाले टेलीग्राम चैनल पर FIR, 75 जिलों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम

Utter Pradesh / लखनऊ: उत्तर प्रदेश में बहुप्रतीक्षित सिपाही भर्ती परीक्षा शुरू होने से ठीक पहले उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPRPB) ने एक बड़ी और सख्त कार्रवाई की है। सूबे के सभी 75 जिलों में आयोजित होने जा रही इस महा-परीक्षा की शुचिता, निष्पक्षता और गोपनीयता बनाए रखने के लिए भर्ती बोर्ड का सोशल मीडिया सेल और खुफिया एजेंसियां पूरी तरह मुस्तैद हैं। इसी कड़ी में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘टेलीग्राम’ पर परीक्षा का फर्जी प्रश्न पत्र लीक करने का भ्रामक दावा कर अभ्यर्थियों से अवैध वसूली की कोशिश करने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। भर्ती बोर्ड की लिखित शिकायत पर लखनऊ के हुसैनगंज थाने में इस बाबत गंभीर और गैर-जमानती धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

टेलीग्राम चैनल ‘यूपीपी एग्जाम पेपर’ पर शिकंजा

भर्ती बोर्ड के आईटी और सोशल मीडिया विंग से मिली जानकारी के मुताबिक, इंटरनेट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर निरंतर की जा रही निगरानी के दौरान 6 जून को टेलीग्राम पर ‘यूपीपी एग्जाम पेपर’ (UPP Exam Paper) नाम का एक अनधिकृत और फर्जी चैनल सक्रिय पाया गया। यह चैनल कंप्यूटर नेटवर्क का दुरुपयोग कर और उत्तर प्रदेश पुलिस का फर्जी लोगो इस्तेमाल कर भोले-भाले अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले मूल प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने का झांसा दे रहा था।

जांच में सामने आया है कि इस गिरोह का मुख्य मकसद सोशल मीडिया के जरिए अभ्यर्थियों में परीक्षा को लेकर भ्रम और भय का माहौल फैलाना था, ताकि उनसे ‘लीक पेपर’ के एवज में मोटी रकम (मौद्रिक लाभ) वसूली जा सके। मामला संज्ञान में आते ही परीक्षा नियंत्रक और भर्ती बोर्ड की सक्रियता के चलते लखनऊ के हुसैनगंज थाने में सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act), भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318/421, 292 और सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अध्यादेश के तहत कड़ा अभियोग पंजीकृत कराया गया है। बोर्ड ने साफ किया है कि ऐसे आपराधिक कृत्य करने वाले और डिजिटल अफवाह फैलाने वाले तत्वों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

सोशल मीडिया पर STF और भर्ती बोर्ड की पैनी नजर

इस साल आयोजित हो रही सिपाही भर्ती परीक्षा को लेकर योगी सरकार और भर्ती बोर्ड किसी भी तरह की कोताही या चूक बरतने के मूड में नहीं है। पूर्व के अनुभवों से सीख लेते हुए इस बार सॉल्वर गैंग, नकल माफिया और सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों के मंसूबों को पूरी तरह से नेस्तनाबूद करने के लिए उत्तर प्रदेश की स्पेशल टास्क फोर्स (UP STF) और स्थानीय पुलिस की साइबर क्राइम टीमों को पूरी तरह से मैदान में उतार दिया गया है।

भर्ती बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रदेश भर के अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों से विशेष अपील की है कि वे इंस्टाग्राम, यूट्यूब, टेलीग्राम, वॉट्सऐप या एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर चल रहे किसी भी भ्रामक संदेश, क्यूआर कोड या कथित पेपर लीक के दावों के बहकावे में बिल्कुल न आएं। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा पूरी तरह से सुरक्षित है और प्रश्न पत्रों की छपाई से लेकर उनके वितरण तक की पूरी प्रक्रिया अभेद्य सुरक्षा घेरे में की गई है। अभ्यर्थी अंतिम समय में किसी भी अफवाह पर ध्यान न देकर केवल अपनी तैयारी पर ध्यान केंद्रित करें।

75 जिलों में 3 दिन चलेगी परीक्षा, जानें पूरा शेड्यूल

इस साल उत्तर प्रदेश पुलिस में लगभग 32,000 रिक्त पदों पर हो रही इस सीधी भर्ती परीक्षा को पूरी तरह से पारदर्शी और नकलविहीन तरीके से संपन्न कराने के लिए जमीनी स्तर पर व्यापक सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर सीसीटीवी कैमरों, बायोमेट्रिक हाजिरी और जैमर की व्यवस्था की गई है। परीक्षा का विस्तृत विवरण इस प्रकार है:

  • निर्धारित तारीखें: यह लिखित परीक्षा 8, 9 और 10 जून को उत्तर प्रदेश के सभी 75 प्रशासनिक जिलों में एक साथ आयोजित की जा रही है।
  • पालियां (Shifts): परीक्षा तीन दिनों के भीतर कुल 6 पालियों में संपन्न होगी, यानी प्रत्येक दिन दो पालियां आयोजित की जाएंगी।
  • परीक्षा का समय: पहली पाली (मॉर्निंग शिफ्ट) सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक आयोजित होगी, जबकि दूसरी पाली (इवनिंग शिफ्ट) दोपहर 3:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक संचालित की जाएगी।

अभ्यर्थियों के लिए परिवहन निगम की बस सेवा बिल्कुल मुफ्त

उम्मीदवार अपने आधिकारिक प्रवेश पत्र (Admit Card) भर्ती बोर्ड की ऑफिशियल वेबसाइट से डाउनलोड कर अपने आवंटित एग्जाम सेंटर और रिपोर्टिंग समय की सटीक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

इसके साथ ही, परीक्षा में शामिल होने वाले लाखों दूर-दराज के अभ्यर्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने एक बड़ा कल्याणकारी कदम उठाया है। सरकार ने घोषणा की है कि परीक्षा के दिनों में उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बसों में अभ्यर्थियों के लिए यात्रा पूरी तरह से मुफ्त रहेगी। अभ्यर्थी बस परिचालक को अपना वैध एडमिट कार्ड दिखाकर परीक्षा केंद्र तक आने और वापस अपने गृह जनपद जाने के लिए इस निःशुल्क सफर सेवा का लाभ उठा सकते हैं। स्थानीय जिला प्रशासनों को भी रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर विशेष हेल्प डेस्क बनाने के निर्देश दिए गए हैं।

Leave a Comment