
JSSC CGL Exam Cancelled 2026: झारखंड में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने JSSC CGL समेत TDPL के जरिए आयोजित की गई सभी परीक्षाओं को रद्द करने का ऐलान किया है। सरकार के इस फैसले के बाद इन परीक्षाओं से जुड़े रिजल्ट और भर्ती प्रक्रिया पर भी असर पड़ेगा।
दरअसल, झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर पिछले कई दिनों से छात्रों का आंदोलन चल रहा था। अभ्यर्थी परीक्षा प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों और अनियमितताओं की जांच की मांग कर रहे थे। छात्रों के बढ़ते विरोध के बीच अब राज्य सरकार ने बड़ा फैसला लिया है।
JSSC CGL परीक्षा को लेकर बड़ा फैसला
झारखंड कर्मचारी चयन आयोग यानी JSSC की ओर से आयोजित CGL परीक्षा को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। अभ्यर्थियों की ओर से परीक्षा की प्रक्रिया और परिणाम को लेकर लगातार सवाल उठाए जा रहे थे।
अब मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने साफ कर दिया है कि TDPL के माध्यम से आयोजित JSSC CGL परीक्षा को रद्द किया जाएगा। इसके साथ ही TDPL के जरिए आयोजित अन्य परीक्षाओं को भी रद्द करने का फैसला लिया गया है। सरकार के इस फैसले से उन हजारों उम्मीदवारों को बड़ा झटका लगा है, जिन्होंने इन परीक्षाओं में शामिल होकर सरकारी नौकरी की उम्मीद लगाई थी। हालांकि, दूसरी तरफ परीक्षा में गड़बड़ी की शिकायत करने वाले अभ्यर्थियों को सरकार के इस फैसले से राहत मिलने की उम्मीद है।
TDPL के जरिए हुई सभी परीक्षाएं होंगी रद्द
मुख्यमंत्री के ऐलान के मुताबिक सिर्फ JSSC CGL ही नहीं, बल्कि TDPL के जरिए आयोजित की गई सभी परीक्षाओं को रद्द किया जाएगा। इन परीक्षाओं के जरिए हुई भर्ती प्रक्रिया और संबंधित रिजल्ट भी जांच के दायरे में आएंगे।
सरकार का यह कदम इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि छात्रों की ओर से लंबे समय से TDPL के जरिए आयोजित परीक्षाओं की जांच की मांग की जा रही थी। अभ्यर्थियों का कहना था कि भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता जरूरी है और अगर किसी स्तर पर गड़बड़ी हुई है तो उसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
अब सरकार ने परीक्षा रद्द करने के साथ-साथ पूरे मामले की जांच कराने का भी निर्णय लिया है।
रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में होगी जांच
परीक्षाओं को रद्द करने के साथ ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में एक जांच कमेटी बनाने की घोषणा की है। यह कमेटी परीक्षा प्रक्रिया में हुई कथित अनियमितताओं की जांच करेगी। जांच के दौरान परीक्षा आयोजित करने से लेकर परिणाम जारी करने तक की पूरी प्रक्रिया को देखा जा सकता है।
सरकार का उद्देश्य यह पता लगाना है कि आखिर परीक्षा प्रक्रिया में कहां और किस स्तर पर गड़बड़ी हुई। जांच के बाद जिम्मेदारी तय होने की स्थिति में आगे की कार्रवाई भी की जा सकती है। JSSC और JPSC की परीक्षाओं को लेकर झारखंड में छात्रों का आंदोलन लगातार तेज हो रहा था। बड़ी संख्या में अभ्यर्थी अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे।
छात्रों की प्रमुख मांग थी कि जिन परीक्षाओं को लेकर सवाल उठ रहे हैं, उनकी निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही दोष पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए और अभ्यर्थियों के भविष्य को सुरक्षित किया जाए।
आंदोलन के दौरान छात्रों की ओर से सरकार को अपनी मांगों पर कार्रवाई करने के लिए समय भी दिया गया था। इसी बीच मुख्यमंत्री की ओर से परीक्षा रद्द करने और जांच कमेटी बनाने का ऐलान किया गया है।
अभ्यर्थियों पर क्या पड़ेगा असर?
JSSC CGL और TDPL के जरिए आयोजित अन्य परीक्षाओं में शामिल हुए उम्मीदवारों के लिए अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आगे भर्ती प्रक्रिया कैसे होगी? परीक्षा रद्द होने के बाद उम्मीदवारों को नई परीक्षा का इंतजार करना पड़ सकता है। सरकार की ओर से आगे नई परीक्षा की तारीख, आवेदन प्रक्रिया और परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसी के संबंध में अलग से जानकारी जारी की जा सकती है।
अभ्यर्थियों के लिए यह भी महत्वपूर्ण है कि वे नई भर्ती को लेकर किसी सोशल मीडिया पोस्ट या अनधिकृत वेबसाइट की जानकारी पर भरोसा न करें। नई परीक्षा से संबंधित जानकारी के लिए JSSC और राज्य सरकार की आधिकारिक सूचना का इंतजार करना बेहतर होगा।
पहले भी JPSC परीक्षा को लेकर हुआ था विवाद
झारखंड में केवल JSSC CGL ही नहीं, बल्कि JPSC की परीक्षाओं को लेकर भी छात्रों में नाराजगी देखने को मिली है। इससे पहले सरकार की ओर से 14वीं JPSC सिविल सेवा परीक्षा को रद्द करने का फैसला लिया गया था।
लगातार सामने आ रहे विवादों के बाद अब TDPL से जुड़ी परीक्षाओं को भी रद्द करने का निर्णय लिया गया है। इससे साफ है कि सरकार परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता को लेकर उठ रहे सवालों को गंभीरता से ले रही है।
अब दोबारा होगी परीक्षा?
परीक्षा रद्द होने के बाद उम्मीदवारों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही है कि JSSC CGL की परीक्षा दोबारा कब आयोजित होगी?
फिलहाल नई परीक्षा की तारीख को लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। सरकार की जांच कमेटी की प्रक्रिया और आगे की भर्ती व्यवस्था के संबंध में निर्णय के बाद ही तस्वीर साफ होगी। उम्मीदवारों को सलाह है कि वे अपनी तैयारी जारी रखें और नई परीक्षा को लेकर आधिकारिक नोटिफिकेशन का इंतजार करें। अगर दोबारा परीक्षा आयोजित की जाती है तो उससे संबंधित पूरी जानकारी आधिकारिक माध्यम से जारी की जाएगी।
झारखंड सरकार के इस फैसले से JSSC CGL समेत TDPL के जरिए आयोजित सभी परीक्षाओं पर बड़ा असर पड़ा है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इन परीक्षाओं को रद्द करने के साथ ही पूरे मामले की जांच के लिए रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में कमेटी बनाने का ऐलान किया है।
अब अभ्यर्थियों की नजर सरकार की अगली कार्रवाई पर है। जांच के बाद यह स्पष्ट होगा कि परीक्षा प्रक्रिया में वास्तव में क्या गड़बड़ी हुई और इसके लिए कौन जिम्मेदार है। वहीं उम्मीदवारों को नई परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया की आधिकारिक घोषणा का इंतजार रहेगा।

